This guide is written in Hindi. Read it in English →
RBI लोकपाल (Ombudsman) में बैंक की शिकायत — एकीकृत लोकपाल योजना 2026: पहले बैंक को, 30 दिन, फिर 90 दिन के भीतर cms.rbi.org.in (2026)
जब बैंक, NBFC, वॉलेट / प्रीपेड कार्ड जारीकर्ता या क्रेडिट सूचना कंपनी आपकी शिकायत हल न करे — गलत चार्ज, फ़ेल ट्रांज़ैक्शन का पैसा वापस न आना, कार्ड या नेट-बैंकिंग की समस्या, लोन या खाते की सेवा, CIBIL जैसी रिपोर्ट की गलती — उसके लिए क्रमवार नक्शा। रिज़र्व बैंक – एकीकृत लोकपाल योजना, 2026 (1 जुलाई 2026 से लागू, 2021 की योजना की जगह): पहले संस्था से शिकायत, 30 दिन (या RBI / NPCI / कार्ड-नेटवर्क की समय-सीमा) प्रतीक्षा, फिर 90 दिन के भीतर cms.rbi.org.in पर मुफ़्त शिकायत; मुआवज़े की सीमा, क्या शामिल नहीं है, और अपील। केवल शैक्षिक — कानूनी सलाह नहीं; अधिवक्ता RBI शिकायत दाखिल नहीं करता, न बैंकों से बात करता है।
WhatsApp opens with your question already written. You just tap send.
2026 में क्या बदला
रिज़र्व बैंक – एकीकृत लोकपाल योजना, 2026 (RB-IOS 2026) 1 जुलाई 2026 से लागू हुई और RB-IOS 2021 की जगह ली। 1 जुलाई 2026 से पहले प्राप्त शिकायतें, 2021 योजना के निर्णयों की अपीलें और उसके अवार्ड का निष्पादन 2021 योजना से ही चलेंगे। ग्राहकों के लिए सबसे बड़ा व्यावहारिक बदलाव: RBI लोकपाल के पास जाने का समय अब 90 दिन है (चरण 3 देखें), इसलिए देर न करें।
कौन सी संस्थाएँ शामिल हैं
RBI के FAQ के अनुसार योजना में वाणिज्यिक बैंक, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक, अनुसूचित प्राथमिक (शहरी) सहकारी बैंक और ₹50 करोड़ या अधिक जमा वाले गैर-अनुसूचित शहरी सहकारी बैंक; जमा स्वीकार करने वाली या ग्राहक-संपर्क वाली ₹100 करोड़ या अधिक संपत्ति की अधिकांश RBI-पंजीकृत NBFC (हाउसिंग फ़ाइनेंस कंपनियों जैसी कुछ श्रेणियाँ बाहर); गैर-बैंक प्रीपेड भुगतान साधन (वॉलेट / प्रीपेड कार्ड) जारीकर्ता; और क्रेडिट सूचना कंपनियाँ शामिल हैं। इनसे बाहर की संस्था के विरुद्ध शिकायत इस योजना में नहीं चलेगी।
Is your situation a little different? Send your question on WhatsApp.
Write in Hindi or English · general guidance, not legal advice
चरण 1 — बैंक / संस्था को लिखित शिकायत
पहले बैंक या संस्था से ही शिकायत करनी ज़रूरी है और उसका प्रमाण रखें — शिकायत नंबर, ईमेल या पावती वाला पत्र। उसका शिकायत पोर्टल, शाखा, या वेबसाइट पर दिए नोडल / प्रधान नोडल अधिकारी का उपयोग करें। खाता या कार्ड नंबर (छिपाकर), ट्रांज़ैक्शन की तारीख़ और ID, राशि, क्या गलत हुआ और आप क्या चाहते हैं (रिवर्सल, रिफ़ंड, सुधार, मुआवज़ा) लिखें। OTP, PIN, CVV या पासवर्ड किसी को न बताएँ — बैंक या RBI से होने का दावा करने वालों को भी नहीं।
चरण 2 — उत्तर की प्रतीक्षा (30 दिन या निर्धारित समय)
संस्था को शिकायत मिलने के 30 दिन के भीतर उत्तर न मिले — या उस प्रकार के ट्रांज़ैक्शन के लिए RBI, NPCI या कार्ड-नेटवर्क नियमों में तय लंबी अवधि, जो भी अधिक हो — तो आप RBI लोकपाल के पास जा सकते हैं; या पहले भी, अगर संस्था ने उत्तर दे दिया है और आप संतुष्ट नहीं हैं। उत्तर के बिना यह अवधि पूरी होने से पहले की गई शिकायत स्वीकार नहीं होती।
चरण 3 — 90 दिन के भीतर RBI लोकपाल को शिकायत
RB-IOS 2026 में शिकायत ऊपर की समय-सीमा समाप्त होने की तारीख़ या संस्था के अंतिम पत्राचार की तारीख़, जो भी बाद में हो, से 90 दिन के भीतर RBI लोकपाल तक पहुँचनी चाहिए। संस्था को आपकी मूल शिकायत भी परिसीमा अधिनियम, 1963 की अवधि के भीतर होनी चाहिए। ऑनलाइन cms.rbi.org.in पर (हिंदी या अंग्रेज़ी), ईमेल crpc@rbi.org.in पर, या डाक से — Centralised Receipt and Processing Centre, Reserve Bank of India, Central Vista, Sector 17, Chandigarh – 160017 — भेजें। RBI का टोल-फ़्री 14448 संपर्क केंद्र प्रक्रिया और स्थिति बताता है, पर शिकायत दर्ज नहीं करता।
मुफ़्त — और किसी एजेंट की ज़रूरत नहीं
शिकायत दर्ज करने या हल कराने की कोई फ़ीस नहीं है। RBI कहता है कि किसी तीसरे पक्ष की एजेंसी के पास जाने या किसी को भुगतान करने की ज़रूरत नहीं। आप ख़ुद या अधिकृत प्रतिनिधि के माध्यम से शिकायत कर सकते हैं, पर प्रतिनिधि अधिवक्ता नहीं हो सकता, जब तक अधिवक्ता स्वयं पीड़ित न हो। पूरे देश के लिए एक लोकपाल व्यवस्था है — शहर का कार्यालय चुनने की ज़रूरत नहीं।
लोकपाल क्या दे सकता है
विवादित राशि की कोई सीमा नहीं है। परिणामी हानि (consequential loss) के लिए RBI लोकपाल ₹30 लाख तक मुआवज़ा, और इसके अलावा समय की हानि, ख़र्च, परेशानी और मानसिक पीड़ा के लिए ₹3 लाख तक दे सकता है। लोकपाल पहले समझौते का प्रयास करता है; समझौता न हो और सेवा में कमी पाई जाए तो अवार्ड पारित हो सकता है। अवार्ड स्वीकार करने पर आप मिलने के 30 दिन के भीतर संस्था को स्वीकृति-पत्र भेजते हैं; फिर संस्था को पालन करना होता है या जहाँ अनुमति हो वहाँ अपील।
क्या शामिल नहीं — आम कारण जिनसे शिकायत बंद होती है
RBI ने ऐसी शिकायतें सूचीबद्ध की हैं जो स्वीकार्य नहीं: पहले संस्था से न उठाई गई; बहुत जल्दी या 90 दिन के बाद दाखिल; वही शिकायत लोकपाल, अदालत, ट्रिब्यूनल, मध्यस्थ या अन्य मंच पर लंबित या निर्णीत (आपराधिक केस या पुलिस जाँच को ‘वही शिकायत’ नहीं माना जाता); संस्था का वाणिज्यिक निर्णय (जैसे अपने क्रेडिट आकलन पर लोन मना करना); वेंडर विवाद; प्रबंधन या अधिकारियों के विरुद्ध व्यक्तिगत शिकायत; संस्था के कर्मचारी-नियोक्ता विवाद; और क्रेडिट सूचना कंपनी (विनियमन) अधिनियम, 2005 की धारा 18 में उपाय वाली शिकायतें। अपमानजनक या अधूरी शिकायत बंद हो सकती है।
अपील
अपील केवल अवार्ड के विरुद्ध होती है। अवार्ड से असंतुष्ट शिकायतकर्ता उसे प्राप्त करने के 30 दिन के भीतर अपीलीय प्राधिकारी के पास अपील कर सकता है; पर्याप्त कारण पर अतिरिक्त समय मिल सकता है। उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 में शिकायत या सिविल वाद जैसे अन्य उपाय अपनी शर्तों के साथ कानून में उपलब्ध रहते हैं — पर किसी दूसरे मंच पर लंबित या निर्णीत शिकायत लोकपाल नहीं लेता।
खाते से साइबर फ्रॉड
फ्रॉड से पैसा कटा हो (UPI, कार्ड, नेट बैंकिंग) तो पहले 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें और तुरंत बैंक को बताएँ — रिपोर्ट करने की तेज़ी आपकी देनदारी और पैसा फ़्रीज़ होने की संभावना पर असर डालती है। बैंक के व्यवहार के बारे में शिकायत बाद में इस योजना में RBI लोकपाल तक जा सकती है।
यह गाइड क्या नहीं है
यह किसी रिफ़ंड या मुआवज़े का वादा नहीं, न आपके खाते की शर्तों की व्याख्या है। RBI के नियम और समय-सीमाएँ बदलती हैं — शिकायत से पहले rbi.org.in और cms.rbi.org.in पर वर्तमान योजना और FAQ देखें।
अधिवक्ता कैसे मदद कर सकता है
हम RBI लोकपाल शिकायत दाखिल नहीं करते, न आपकी ओर से बैंकों से बात करते हैं। अधिवक्ता (Adhiwakta) एक सुविधा मंच है, लॉ फ़र्म नहीं। हम केस दाखिल नहीं करते, किसी प्राधिकरण के सामने पेश नहीं होते और किसी परिणाम का वादा नहीं करते। अपनी स्थिति बताकर स्वतंत्र अधिवक्ता से सामान्य मार्गदर्शन के लिए ‘अधिवक्ता से पूछें’ का उपयोग करें, या तथ्य और कागज़ व्यवस्थित करने के लिए AI सहायक से शुरू करें। केवल शैक्षिक — औपचारिक कानूनी सलाह नहीं।
Have a related question?
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- बैंक की शिकायत RBI में कैसे करें?
- पहले बैंक को लिखित शिकायत करें और प्रमाण रखें। 30 दिन (या निर्धारित समय) में उत्तर न मिले या उत्तर से असंतुष्ट हों, तो RB-IOS 2026 में 90 दिन के भीतर cms.rbi.org.in पर, ईमेल crpc@rbi.org.in पर, या डाक से RBI के CRPC, चंडीगढ़ को मुफ़्त शिकायत करें।
- RBI लोकपाल शिकायत की समय-सीमा क्या है?
- एकीकृत लोकपाल योजना 2026 (1 जुलाई 2026 से) में बैंक की उत्तर-अवधि समाप्त होने या उसके अंतिम पत्राचार, जो भी बाद में हो, से 90 दिन। 2021 योजना की पुरानी एक वर्ष की अवधि नई शिकायतों पर लागू नहीं।
- RBI लोकपाल कितना मुआवज़ा दे सकता है?
- विवादित राशि की कोई सीमा नहीं। परिणामी हानि के लिए ₹30 लाख तक, और समय, ख़र्च, परेशानी व मानसिक पीड़ा के लिए अतिरिक्त ₹3 लाख तक।
- क्या कोई फ़ीस है, या एजेंट चाहिए?
- कोई फ़ीस नहीं। RBI के अनुसार किसी तीसरे पक्ष की एजेंसी की ज़रूरत नहीं। आप ख़ुद या अधिकृत प्रतिनिधि से शिकायत कर सकते हैं (अधिवक्ता प्रतिनिधि नहीं हो सकता, जब तक वह स्वयं पीड़ित न हो)।
- क्या अधिवक्ता RBI शिकायत दाखिल करता है?
- नहीं। हम शिकायत दाखिल नहीं करते, न बैंकों से बात करते हैं। केवल शैक्षिक मार्गदर्शन के लिए ‘अधिवक्ता से पूछें’ या AI सहायक का उपयोग करें।
Share Adhiwakta with someone who needs it
Send this page on WhatsApp — legal information in Hindi & English.